अजीम प्रेमजी फाउंडेशन एवं बाल विकास विभाग द्वारा राउप्रावि देवली परिसर में दो दिवसीय आंगनवाड़ी मेले का शुभारंभ हुआ।
फाउंडेशन सदस्य राजेश शर्मा ने आंगनबाड़ी मेले के उद्देश्य एवं कार्य योजना साझा की। सीबीईओ हरीनारायण वैष्णव ने संभागियों को बच्चों के साथ सामाजिक संवेगात्मक कौशलों पर विशेष काम करते हुए नैतिक शिक्षा देने पर जोर दिया। उन्होंने बताया कि मेले में जो भी गतिविधियां सीखें वे अपनी आंगनवाड़ी में बच्चों के साथ अवश्य करे। मेले में भाषा के कॉर्नर में हाव-भाव से गीत कविताएं करते हुए कहानी और कविताओं पर बच्चों के साथ शिक्षण की प्रक्रियाओं को समझा गया। खेल कॉर्नर में छोटे बच्चों को खिलाए जाने वाले खेल पोशम्बा, फल-सब्जी, सियार-भेडिया, रिले गेंद आदि सभी संभागियो ने खेले। दिमाग री कसरत कोर्नर में आकृति मिलान, पहचान, छांटने, पजल्स की गतिविधियां की गई। मनरा भाव कोर्नर में इमोजी, कविता, कहानी, चित्र के जरिये खुशी, आश्चर्य, डर, गुस्सा आदि मन के भावो को अभिव्यक्ति करने की गतिविधियां की गई। कला की किलकारी कार्नर में रचनात्मक कार्य के दौरान अंगूठे, ढक्कन, प्याज़, आलू के टूकडों से छापे लगाना, फूंक पेंटिंग, ढोलक की थाप, लय को समझकर ऐक्शन करना आदि गतिविधियां की गई। मेले में 114 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने सहभागिता की। मेले में एसीबीईओ प्रधान मीणा, रामराय मीणा, प्रधानाध्यापक राजेन्द्र सुराणा, एलएस सुनिता, सरोज, सीडीपीईओ इंदु रानी ने गतिविधियों का अवलोकन किया।
आंगनबाड़ी मेले का आयोजन: सीबीईओ ने नैतिक शिक्षा देने पर जोर दिया










